उत्तराखंड में अवैध हथियारों की आपूर्ति के मामले में पकड़े गए गफ्फार को लेकर सियासत तेज हो गई है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री तिलकराज बेहड़ ने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि आरोपी को प्रदेश में राजनीतिक संरक्षण प्राप्त था, जिसके चलते वह लंबे समय से सक्रिय रहा।
बेहड़ ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई होती तो हथियारों की यह अवैध आपूर्ति रोकी जा सकती थी। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर आरोपी को किसके संरक्षण में काम करने की छूट मिली और किन लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया।
उन्होंने राज्य सरकार से मांग की कि मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, ताकि न केवल आरोपी बल्कि उसे संरक्षण देने वाले प्रभावशाली लोगों की भी पहचान हो सके। बेहड़ ने कहा कि कानून-व्यवस्था के साथ खिलवाड़ किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए।
इधर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जो भी व्यक्ति इस नेटवर्क से जुड़ा पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जांच एजेंसियां आरोपी के संपर्कों और वित्तीय लेन-देन की भी पड़ताल कर रही हैं।
मामले को लेकर प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और गरमा सकता है।
